गर्त में भारतीय महिला हॉकी
भारतीय हॉकी अपने सबसे निम्न स्तर में पहुँच गयी है
महिला हॉकी टीम की खिलाडियों ने मुख्य कोच और अन्य कोचिंग स्टाफ पर यौन शोषण का आरोप लगाया हैं
इन आरोपों के बाद पूरे खेल जगत में सनसनी फैल गयी
पुरुष हॉकी टीम का हाल पहले से ही बुरा था अब
महिला हॉकी के इस विवाद ने देश को पूरी दुनिया के सामने शर्मसार कर दिया है
छोटे शहरों और कस्बों की गरीब लड़कियाँ आँखों में देश के लिए खेलने का सपना लिए हॉकी खेलने की शुरुवात करती है
तब उन्हें इस बात का अंदाजा भी नहीं होता कि सच्चाई इतनी कडवी और भयावह भी हो सकती है
महिला हॉकी खिलाडियों को इतना पैसा भी नहीं मिलता कि वे ठीक से अपनी गुजर-बसर भी कर सके ऐसे में यौन उत्पीडन का यह मामला भयानक सच्चाई को उजागर करने वाला है
विवाद के चलते महिला हॉकी टीम के प्रमुख कोच ने अपनी सच्चाई साबित होने तक स्वयं को टीम से अलग कर लिया है
वहीँ के पी एस गिल गिल साहब ने इसे पुलिस का मामला बताते हुए पूरे प्रकरण की स्वतन्त्र जांच की मांग की है
जो भी हो इस पूरे विवाद ने देश कि इज्ज़त को पानी-पानी कर दिया है क्योंकि धुंआ वहीँ उठता है जहाँ आग लगी हो